लुधियाना के जनक पुरी में एक दुकानदार पर उसके पड़ोस के ही कुछ लोगों ने हमला कर दिया। हमला करने वालो पर 31 दिसंबर को पुलिस ने रेड की थी। उन्हें शक था कि दुकानदार पुनीत के चाचा (रिश्तेदार) ने ही पुलिस को सूचना दी है। उसी रंजिश के चलते उस पर हमला किया गया।
इसी मामले को लेकर दोनों पक्षों में कई बार कहासुनी भी हो चुकी है। 2 जनवरी को भी गणेश मार्केट में दुकानदार पुनीत से मारपीट की गई थी। इसके बाद बीती रात फिर आरोपी उसकी दुकान में घुस आए और उसे बाहर ले जाकर पीटा। हमले में दुकानदार पुनीत की दोनों हाथों में फ्रैक्चर आया है।
अवैध कारोबार का गढ़ बनी जनकपुरी
इलाके के लोगों के मुताबिक, झगड़ा करने वाले दोनों पक्ष ही सट्टेबाजी के कारोबार से जुड़े है। दोनों में से जब भी किसी पर भी पुलिस की रेड पड़ती है तो दोनों एक दूसरे पर पुलिस को सूचना देने का शक करते है। इसी बात को लेकर दोनों पक्षों में विवाद चला आ रहा है। जनकपुरी लंबे समय से अवैध कारोबार का गढ़ बन चुकी है। इस इलाके में दड्डा सट्टा कई वर्षों से राजनीतिक लोगों के आशीर्वाद से चलता आ रहा है।
पुलिस कमिश्नर से लोगों की मांग
पुलिस कमिश्नर मंदीप सिंह सिद्धू से इलाका निवासियों ने मांग की है कि इलाके से नशा तस्करों, शराब तस्करों और सट्टेबाजों पर सख्त कार्रवाई करवाई जाए। इलाका में जनक पुरी पुलिस की ढीली कार्यशैली होने के कारण ही आए दिन दड्डे सट्टे और तस्करी जैसे कारोबार होते हैं। वहीं रात के समय सरेआम सड़क पर बैठ कर युवक शराब तक खुले में पीते है।
कई मकानों में बनाए सट्टेबाजों ने गुप्त रास्ते
जनक पुरी की गली नंबर 2,3, 6 के सामने,12 के बाहर 16 नंबर के सामने सट्टेबाजों ने दुकानें जमाई है। इन दुकानों में सिर्फ नाम के ही CPU रखे हैं। सारा काम वॉट्सऐप ग्रुप पर चलता है। वहीं 12 नंबर में तो कई सट्टेबाजों ने मकान किराए पर लिए है। वहीं कुछ सट्टेबाजों ने मकानों में से गुप्त रास्ते बाहर जाने के रखे है ताकि पुलिस रेड के समय आसानी से भाग सके।
चौकी इंचार्ज बोले- मामला ध्यान में
इस मामले में चौकी इंचार्ज बलौर सिंह ने कहा कि मामले उनके ध्यान में है। सीसीटीवी कैमरों की फुटेज देखी जा रही है। मामले की जांच के बाद बनती कार्रवाई कर दी जाएगी। वहीं इलाके में पुलिस की गश्त भी बढ़ाई जाएगी।





