अमृतसर, 15 दिसंबर | रनगढ़ गांव में सुबह-सुबह हुई हत्या के मामले में पुलिस ने 3 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। इनमें से एक आरोपी करमजीत सिंह की तबीयत खराब होने के कारण उसे अमृतसर के गुरु नानक देव अस्पताल में भर्ती कराया गया था। देर शाम आरोपी करमजीत सिंह पुलिस को चकमा देकर फरार हो गया।पुलिस ने उसकी तलाश में छापेमारी की।
बता दें कि अमृतसर के थाना घरिंडा के गांव रंगगढ़ में राजनीतिक रंजिश के चलते 2 भाइयों को गोली मार दी गई, जिसमें बड़े भाई को पैर में गोली लगी, जिसका इलाज अमृतसर के सिविल अस्पताल में चल रहा है और छोटे भाई को पेट में गोली लगी थी। गोली लगने से वह गंभीर हालत में एक निजी अस्पताल में भर्ती थे।
इस संबंध में गोली के शिकार बिक्रम सिंह और उनके बेटे शमशेर ने बताया कि राजनीतिक द्वेष के कारण गांव के सरपंच बब्बी और उनके बेटे के साथ बिजली विभाग के कर्मचारी करमजीत सिंह ने मारपीट की, जब वह हमारे घर आये थे। हम उनसे बात कर रहे थे, जब वे गए तो उन्होंने सीधे गोली चला दी।
इस गोलीबारी में एक गोली बड़े भाई के पैर में और दूसरी पेट में लगी। बड़े भाई को सिविल अस्पताल में भर्ती कराया गया है, जबकि छोटा भाई एक निजी अस्पताल में गंभीर हालत में है। इसी बीच एक भाई की मौत हो गयी। पीड़ित परिवार ने पुलिस से शिकायत कर न्याय की मांग की है।





